"उच्चारण" 1996 से समाचारपत्र पंजीयक, भारत सरकार नई-दिल्ली द्वारा पंजीकृत है। यहाँ प्रकाशित किसी भी सामग्री को ब्लॉग स्वामी की अनुमति के बिना किसी भी रूप में प्रयोग करना© कॉपीराइट एक्ट का उलंघन माना जायेगा।

मित्रों!

आपको जानकर हर्ष होगा कि आप सभी काव्यमनीषियों के लिए छन्दविधा को सीखने और सिखाने के लिए हमने सृजन मंच ऑनलाइन का एक छोटा सा प्रयास किया है।

कृपया इस मंच में योगदान करने के लिएRoopchandrashastri@gmail.com पर मेल भेज कर कृतार्थ करें। रूप में आमन्त्रित कर दिया जायेगा। सादर...!

और हाँ..एक खुशखबरी और है...आप सबके लिए “आपका ब्लॉग” तैयार है। यहाँ आप अपनी किसी भी विधा की कृति (जैसे- अकविता, संस्मरण, मुक्तक, छन्दबद्धरचना, गीत, ग़ज़ल, शालीनचित्र, यात्रासंस्मरण आदि प्रकाशित कर सकते हैं।

बस आपको मुझे मेरे ई-मेल roopchandrashastri@gmail.com पर एक मेल करना होगा। मैं आपको “आपका ब्लॉग” पर लेखक के रूप में आमन्त्रित कर दूँगा। आप मेल स्वीकार कीजिए और अपनी अकविता, संस्मरण, मुक्तक, छन्दबद्धरचना, गीत, ग़ज़ल, शालीनचित्र, यात्रासंस्मरण आदि प्रकाशित कीजिए।

यह ब्लॉग खोजें

समर्थक

रविवार, 23 अप्रैल 2017

कुण्डलियाँ "कम्प्यूटर और जालजगत" (डॉ. रूपचन्द्र शास्त्री 'मयंक')

कम्प्यूटर और इण्टरनेट 
(चार कुण्डलियाँ)
(१)
जालजगत है देवताकम्प्यूटर भगवान।
शोभा है यह मेज कीऑफिस की है शान।।
ऑफिस की है शानबनाता अनुबन्धों को।
सारे जग में सदाबढ़ाता सम्बन्धों को।।
कह मयंक कविरायअनागत ही आगत है।
सबसे ज्ञानी अब दुनिया में जालजगत है।।

(२)
कम्प्यूटर अब बन गयाजीवन का आधार।
इसके बिन चलता नहीचिट्ठों का व्यापार।।
चिट्ठों का व्यापारलेख-रचना का आँगन।
चिट्ठी-पत्रीबातचीत का, है यह साधन।।
कह मयंक कविराययही है उन्नत ट्यूटर।
खाता-बही हटायलगाओ अब कम्प्यूटर।।
(३)
चिट्ठाकारी को लगाबेनामी का रोग।
टिप्पणियों को दानकरदेते मोहन भोग।।
देते मोहन भोगसृजन का लक्ष यही है। 

सन्देशों में अपनेपन का, पक्ष नहीं है।। 
कह मयंक हथियार बिना है मारामारी।
टिपियाने का नामआज है चिट्ठाकारी।।

(४)
झूठी सुन तारीफ कोमन ही मन हर्षाय।
जब सुनते आलोचनाहृदय कुन्द हो जाए।।
हृदय कुन्द हो जायविरोधी बन जाते हैं।
खुदगर्जीँ में सच कोसहन न कर पाते हैं।।
मुखपोथी(FACEBOOK) की दुनिया, होती बहुत अनूठी।
हर्षित होते लोगप्रशंसा सुन कर झूठी।।

1 टिप्पणी:

केवल संयत और शालीन टिप्पणी ही प्रकाशित की जा सकेंगी! यदि आपकी टिप्पणी प्रकाशित न हो तो निराश न हों। कुछ टिप्पणियाँ स्पैम भी हो जाती है, जिन्हें यथासम्भव प्रकाशित कर दिया जाता है।

LinkWithin

Related Posts with Thumbnails