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गुरुवार, 2 अप्रैल 2015

“हिन्दी में रेफ लगाने की विधि” (डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री 'मयंक')

 “हिन्दी में रेफ लगाने की विधि
            अक्सर देखा जाता है कि अधिकांश व्यक्ति आधा "र" का प्रयोग करने में बहुत त्रुटियाँ करते हैं। उनके लिए व्याकरण के कुछ सरल गुर प्रस्तुत कर रहा हूँ!

         हिन्दी में रेफ  अक्षर के नीचे लगाने के  लिए सदैव यह ध्यान रखना चाहिए कि का उच्चारण कहाँ हो रहा है ?

           यदि का उच्चारण अक्षर के बाद हो रहा है तो रेफ की मात्रा सदैव उस अक्षर के नीचे लगेगी जिस के बाद का उच्चारण हो रहा है ।
उदाहरण के लिए - प्रकाश, सम्प्रदाय, नम्रता, अभ्रक, चन्द्र आदि ।

           हिन्दी में रेफ या अक्षर के ऊपर  "र्" लगाने के  लिए सदैव यह ध्यान रखना चाहिए कि र्का उच्चारण कहाँ हो रहा है ?  “र्"   का उच्चारण जिस अक्षर के पूर्व हो रहा है तो रेफ की मात्रा सदैव उस अक्षर के ऊपर लगेगी जिस के पूर्व र्का उच्चारण हो रहा है ।
उदाहरण के लिए - आशीर्वाद, पूर्व, पूर्ण, वर्ग, कार्यालय आदि ।  
             रेफ लगाने के लिए आपको केवल यह अन्तर समझना है कि जहाँ पूर्ण "र" का उच्चारण हो रहा है वहाँ सदैव उस अक्षर के नीचे रेफ लगाना है जिसके पश्चात  "र"  का उच्चारण हो रहा है ।
जैसे - प्रकाश, सम्प्रदाय, नम्रता, अभ्रक, आदि में 
 "र" का उच्चारण हो रहा है ।   

10 टिप्‍पणियां:

  1. मैं भी अक्सर लोगों को यही सरल विधि बताती हूँ ...
    लोग अक्सर उच्चारण पर ध्यान नहीं देते जिसके कारण गलती होती हैं और वे हमेशा गलत शब्द ही लिख लेते हैं ..इ ई और उ ऊ की मात्रा लगते समय भी ऐसी ही गलती होती हैं ...
    बहुत बढ़िया साझा करने हेतु आभार!

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  2. सबसे ज्यादा गलती लोग "आशीर्वाद" लिखने में करते हैं यह मैंने देखा है.. [आर्शीवाद लिख देते हैं]

    उत्तर देंहटाएं
  3. शुद्ध हिन्दी लिखने के व्याकरण की जानकारी आवश्यक है

    उत्तर देंहटाएं
  4. उपयोगी जानकारी सर! आभार।

    उत्तर देंहटाएं
  5. लाभांवित करेगी ये जानकारी

    उत्तर देंहटाएं

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