"उच्चारण" 1996 से समाचारपत्र पंजीयक, भारत सरकार नई-दिल्ली द्वारा पंजीकृत है। यहाँ प्रकाशित किसी भी सामग्री को ब्लॉग स्वामी की अनुमति के बिना किसी भी रूप में प्रयोग करना© कॉपीराइट एक्ट का उलंघन माना जायेगा।

मित्रों!

आपको जानकर हर्ष होगा कि आप सभी काव्यमनीषियों के लिए छन्दविधा को सीखने और सिखाने के लिए हमने सृजन मंच ऑनलाइन का एक छोटा सा प्रयास किया है।

कृपया इस मंच में योगदान करने के लिएRoopchandrashastri@gmail.com पर मेल भेज कर कृतार्थ करें। रूप में आमन्त्रित कर दिया जायेगा। सादर...!

और हाँ..एक खुशखबरी और है...आप सबके लिए “आपका ब्लॉग” तैयार है। यहाँ आप अपनी किसी भी विधा की कृति (जैसे- अकविता, संस्मरण, मुक्तक, छन्दबद्धरचना, गीत, ग़ज़ल, शालीनचित्र, यात्रासंस्मरण आदि प्रकाशित कर सकते हैं।

बस आपको मुझे मेरे ई-मेल roopchandrashastri@gmail.com पर एक मेल करना होगा। मैं आपको “आपका ब्लॉग” पर लेखक के रूप में आमन्त्रित कर दूँगा। आप मेल स्वीकार कीजिए और अपनी अकविता, संस्मरण, मुक्तक, छन्दबद्धरचना, गीत, ग़ज़ल, शालीनचित्र, यात्रासंस्मरण आदि प्रकाशित कीजिए।

यह ब्लॉग खोजें

समर्थक

सोमवार, 27 नवंबर 2017

दोहे "देखो कितना मुक्त है, आभासी संसार" (डॉ. रूपचन्द्र शास्त्री 'मयंक')

बिना किसी सम्बन्ध केभावों का संचार।
अनुभव करते हृदय सेआभासी संसार।।
--
होता अन्तर्जाल परदूर-दूर से प्यार।
अच्छा लगता है बहुतआभासी संसार।।
--
बिना किसी हथियार केकरते हैं सब वार।
देखो कितना मुक्त हैआभासी संसार।।
--
बिना किसी आकार केलगता जो साकार।
सपनों में सबके बसेआभासी संसार।।
--
बिन माँगे मिलते जहाँबार-बार उपहार।
अपनापन है बाँटताआभासी संसार।।
--
साझा करते हैं जहाँअपने सभी विचार।
टिप्पणियाँ स्वीकारताआभासी संसार।।
--
लिए अधूरे ज्ञान कोभरते सब हुंकार।
भरा हुआ है दम्भ सेआभासी संसार।।
--
कवियों के तो नाम कीलम्बी लगी कतार।
छन्दों को है लीलताआभासी संसार।।
--
माली ही खुद लूटतेअब तो बाग-बहार।
आपाधापी का हुआआभासी संसार।।
--
सत्य बताने के लिएरूप हुआ लाचार।
नौसिखियों के सामनेसर्जक हैं बेकार।।

6 टिप्‍पणियां:

  1. बिना किसी सम्बन्ध के, भावों का संचार।
    अनुभव करते हृदय से, आभासी संसार।।
    बहुत ही सुंदर, लगता है मेरे ही मनोभाव को शब्द मिल गए हैं।

    उत्तर देंहटाएं
  2. सही सटीक बात । सादर प्रणाम स्वीकारें...

    उत्तर देंहटाएं
  3. साझा करते हैं जहाँ अपने सभी विचार, टिप्पणियाँ स्वीकारता, आभासी संसार...सटीक

    उत्तर देंहटाएं
  4. वाह मजा आ गया .... जम के लिखा है आभासी दुनिया के लोगों पर आज तो ...
    सभी लाजवाब अर्थपूर्ण दोहे ...

    उत्तर देंहटाएं
  5. चौथी दुनिया है ये आभासी दुनिया
    बहुत खूब कहा आपने

    उत्तर देंहटाएं

केवल संयत और शालीन टिप्पणी ही प्रकाशित की जा सकेंगी! यदि आपकी टिप्पणी प्रकाशित न हो तो निराश न हों। कुछ टिप्पणियाँ स्पैम भी हो जाती है, जिन्हें यथासम्भव प्रकाशित कर दिया जाता है।

LinkWithin

Related Posts with Thumbnails