| चहक रही रंगोली है। |
| घर में और बाजार में, चहक रहे हैं रंग। कलियों के भी चमन में, महक रहे हैं अंग। चहक रही रंगोली है। |
| अमराई गदरा रही, बहती सुखद बयार। चहक रही रंगोली है। बुरा न मानो होली है।। |
| अन्न देखकर खेत में, खुश होता इन्सान। चहक रही रंगोली है। बुरा न मानो होली है।। |
| झूठ-सत्य के द्वन्द्व में, सच्चाई आबाद। चहक रही रंगोली है। बुरा न मानो होली है।। |
| हिल-मिलकर सद्भाव से, खेलो जमकर फाग। चहक रही रंगोली है। बुरा न मानो होली है।। |
