"उच्चारण" 1996 से समाचारपत्र पंजीयक, भारत सरकार नई-दिल्ली द्वारा पंजीकृत है। यहाँ प्रकाशित किसी भी सामग्री को ब्लॉग स्वामी की अनुमति के बिना किसी भी रूप में प्रयोग करना© कॉपीराइट एक्ट का उलंघन माना जायेगा।

मित्रों!

आपको जानकर हर्ष होगा कि आप सभी काव्यमनीषियों के लिए छन्दविधा को सीखने और सिखाने के लिए हमने सृजन मंच ऑनलाइन का एक छोटा सा प्रयास किया है।

कृपया इस मंच में योगदान करने के लिएRoopchandrashastri@gmail.com पर मेल भेज कर कृतार्थ करें। रूप में आमन्त्रित कर दिया जायेगा। सादर...!

और हाँ..एक खुशखबरी और है...आप सबके लिए “आपका ब्लॉग” तैयार है। यहाँ आप अपनी किसी भी विधा की कृति (जैसे- अकविता, संस्मरण, मुक्तक, छन्दबद्धरचना, गीत, ग़ज़ल, शालीनचित्र, यात्रासंस्मरण आदि प्रकाशित कर सकते हैं।

बस आपको मुझे मेरे ई-मेल roopchandrashastri@gmail.com पर एक मेल करना होगा। मैं आपको “आपका ब्लॉग” पर लेखक के रूप में आमन्त्रित कर दूँगा। आप मेल स्वीकार कीजिए और अपनी अकविता, संस्मरण, मुक्तक, छन्दबद्धरचना, गीत, ग़ज़ल, शालीनचित्र, यात्रासंस्मरण आदि प्रकाशित कीजिए।

फ़ॉलोअर

रविवार, 27 अक्तूबर 2019

दोहे "अन्नकूट पूजा-गौमाता से प्रीत" (डॉ.रूपचन्द्र शास्त्री 'मयंक')

--
गोवर्धन पूजा करो, शुद्ध करो परिवेश।
गोसंवर्धन से करो, उन्नत अपना देश।
 --
अन्नकूट के दिवस परकरो अर्चना आज।
गोरक्षा से सबल होपूरा देश समाज।।
-- 
श्रीकृष्ण ने कर दियामाँ का ऊँचा भाल।
इस अवसर पर आप भीबन जाओ गोपाल।।
-- 
गौमाता से ही मिलेदूध-दहीनवनीत।
सबको होनी चाहिएगौमाता से प्रीत।।
 --
गइया के घी-दूध सेबढ़ जाता है ज्ञान।
दुग्धपान करके बनेनौनिहाल बलवान।।
-- 
कैमीकल का उर्वरककर देगा बरबाद।
फसलों में डालो सदागोबर की ही खाद।।
 --
गंगा-गइया का रखो, आप हमेशा ध्यान।
बन्द कसाईघर करो, कहलाओ इंसान।।
--

2 टिप्‍पणियां:

केवल संयत और शालीन टिप्पणी ही प्रकाशित की जा सकेंगी! यदि आपकी टिप्पणी प्रकाशित न हो तो निराश न हों। कुछ टिप्पणियाँ स्पैम भी हो जाती है, जिन्हें यथासम्भव प्रकाशित कर दिया जाता है।

LinkWithin

Related Posts with Thumbnails